CG Railway News: एक दिन की राहत के बाद बड़ा झटका: बहाल ट्रेनों पर फिर लगी रोक, यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें

 एक दिन की राहत के बाद बड़ा झटका: बहाल ट्रेनों पर फिर लगी रोक, यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें

भीषण गर्मी में जब यात्रियों को राहत की उम्मीद जगी, तभी रेलवे के अचानक बदले फैसले ने सबको हैरान कर दिया। बिलासपुर रेल मंडल ने जिन ट्रेनों को हाल ही में बहाल किया था, उन्हें एक दिन बाद ही फिर से रद्द करने का आदेश जारी कर दिया। इस फैसले से हजारों यात्रियों की योजनाएं प्रभावित हो गई हैं और लोगों में नाराजगी साफ देखी जा रही है।

फिर से रद्द हुईं लोकल ट्रेनें

रेलवे प्रशासन ने 11 अप्रैल से 18 अप्रैल तक 10 लोकल और मेमू पैसेंजर ट्रेनों को रद्द कर दिया है। ये ट्रेनें बिलासपुर से रायगढ़ और गेवरा रोड, साथ ही कोरबा से रायपुर के बीच चलती थीं। इन ट्रेनों के बंद होने से रोजाना सफर करने वाले यात्रियों को सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है।

चौथी लाइन के काम का असर

रेलवे के मुताबिक, बिलासपुर-झारसुगड़ा रेलखंड पर चौथी लाइन को अकलतरा स्टेशन से जोड़ने का काम किया जा रहा है। यह परियोजना भविष्य में ट्रेनों की आवाजाही को सुगम बनाएगी और रेल ट्रैफिक का दबाव कम करेगी। लेकिन फिलहाल इस निर्माण कार्य का सीधा असर यात्रियों पर पड़ रहा है।

कुल 14 ट्रेनें प्रभावित

इस दौरान कुल 14 ट्रेनें प्रभावित रहेंगी। कुछ ट्रेनों को पूरी तरह रद्द किया गया है, जबकि कुछ के संचालन में बदलाव किया गया है। गोंदिया-झारसुगड़ा जेडी पैसेंजर को आंशिक रूप से चलाया जाएगा, जिससे यात्रियों को आगे की यात्रा के लिए अन्य साधनों का सहारा लेना पड़ेगा।

हसदेव एक्सप्रेस में बदलाव

कोरबा-रायपुर के बीच चलने वाली हसदेव एक्सप्रेस के संचालन में भी बदलाव किया गया है। 11 से 18 अप्रैल तक यह ट्रेन कोरबा से बिलासपुर के बीच पैसेंजर ट्रेन के रूप में चलेगी, जबकि बिलासपुर से रायपुर के बीच यह अपने एक्सप्रेस स्वरूप में ही संचालित होगी।

पहले राहत, फिर अचानक झटका

यात्रियों की नाराजगी का बड़ा कारण यह है कि रेलवे ने एक दिन पहले ही ट्रेनों को बहाल करने की जानकारी दी थी। पहले 3 से 10 अप्रैल तक काम प्रस्तावित था, जिसे बाद में टाल दिया गया और ट्रेनें चालू कर दी गईं। लेकिन अब अचानक फिर से रद्द करने के फैसले ने यात्रियों को असमंजस में डाल दिया है।

वैकल्पिक व्यवस्था नहीं

सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि रेलवे ने यात्रियों के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की है। न अतिरिक्त बसें चलाई गई हैं और न ही अन्य ट्रेनों में अतिरिक्त कोच जोड़े गए हैं। ऐसे में लोगों को खुद ही अपने सफर का इंतजाम करना पड़ रहा है।

यात्रियों के लिए सलाह

मौजूदा स्थिति को देखते हुए यात्रियों को सलाह दी जा रही है कि वे यात्रा से पहले अपनी ट्रेन का स्टेटस जरूर जांच लें। साथ ही, संभावित असुविधा से बचने के लिए पहले से वैकल्पिक साधनों की व्यवस्था करना ही बेहतर होगा।

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